आरबीआई का बड़ा ऐलान: रेपो रेट 5.25% पर बरकरार
5 अगस्त 2026 को भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक के नतीजे सामने आए। गवर्नर संजय मल्होत्रा ने घोषणा की कि रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत पर यथावत रखा गया है। यह लगातार चौथी बार है जब दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया। इससे पहले फरवरी, अप्रैल और जून 2026 में भी रेपो रेट इसी स्तर पर स्थिर रही थी। स्टैंडिंग डिपॉजिट फैसिलिटी (SDF) 5 प्रतिशत और मार्जिनल स्टैंडिंग फैसिलिटी (MSF) 5.5 प्रतिशत पर बनी हुई है। नीति का रुख भी ‘न्यूट्रल’ (तटस्थ) ही रखा गया है।
रेपो रेट क्या है और ईएमआई पर इसका असर कैसे पड़ता है?
रेपो रेट वह ब्याज दर है जिस पर आरबीआई बैंकों को अल्पकालिक फंड उधार देता है। जब यह दर घटती है तो बैंक सस्ते में पैसा ले पाते हैं। नतीजतन होम लोन, ऑटो लोन जैसी फ्लोटिंग रेट वाली लोन की ब्याज दरें कम हो सकती हैं और ईएमआई घट जाती है। जब रेपो रेट बढ़ती है तो ब्याज महंगा हो जाता है और ईएमआई बढ़ सकती है। इस बार रेपो रेट में न कटौती हुई और न बढ़ोतरी, इसलिए बैंकों की फंडिंग लागत में तत्काल कोई बदलाव नहीं आएगा। इससे आपके होम लोन या कार लोन की मौजूदा ईएमआई में तुरंत कोई फर्क नहीं पड़ेगा।
क्यों नहीं बदला रेपो रेट?
गवर्नर ने बताया कि वैश्विक अर्थव्यवस्था अस्थिर बनी हुई है। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष, तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और व्यापार संबंधी अनिश्चितताएं चिंता का विषय हैं। घरेलू स्तर पर महंगाई कुछ बढ़ी है लेकिन कोर महंगाई नियंत्रण में है। अर्थव्यवस्था मजबूत मांग पर टिकी हुई है और भारत दुनिया की सबसे तेज बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बना हुआ है। इन्हीं कारणों से समिति ने सर्वसम्मति से दरों को यथावत रखने का फैसला लिया।
होम और ऑटो लोन की ईएमआई पर क्या असर?
फ्लोटिंग रेट वाले होम और ऑटो लोन धारकों के लिए अच्छी खबर यह है कि ईएमआई नहीं बढ़ेगी। जो लोग नया लोन लेने की सोच रहे हैं, उनके लिए भी ब्याज दरें वर्तमान स्तर पर ही रहेंगी। फिक्स्ड रेट लोन वाले ग्राहकों पर तो वैसे भी रेपो रेट का सीधा असर नहीं पड़ता। आखिरी बार रेपो रेट में बदलाव दिसंबर 2025 में हुआ था जब इसे 25 बेसिस पॉइंट घटाकर 5.25 प्रतिशत किया गया था। उसके बाद से चार बैठकों में स्टेटस को बनाए रखा गया है।
आगे क्या हो सकता है?
भविष्य में अगर महंगाई और नियंत्रण में आती है या वैश्विक स्थितियां सुधरती हैं तो अगली बैठकों में कटौती की संभावना बन सकती है। फिलहाल तटस्थ रुख के साथ आरबीआई आने वाले आंकड़ों पर नजर रखेगा। कुल मिलाकर इस ऐलान से आम कर्जदारों को फिलहाल न राहत मिली और न कोई अतिरिक्त बोझ। आपकी मौजूदा ईएमआई जस की तस बनी रहेगी।
#RBI #RepoRate #RBIMPC #MonetaryPolicy #RepoRateUnchanged #HomeLoanEMI #AutoLoanEMI #LoanEMI #InterestRates #RBIPolicy #SanjayMalhotra #NeutralStance #EMIUpdate #HomeLoan #CarLoan #BankingNews #IndianEonomy #Inflation #RatePause #RBIAnnouncement #LoanInterest #PersonalFinance #EMIs #RepoRate2026 #FinancialNews #HousingLoan #VehicleLoan #RBIDecision #StatusQuo #EconomyUpdate







Leave a Reply